उज्जैन। सिंहस्थ-2016 को देखते हुए आईटी की भूमिका भी उपयोग किया जा रहा है, ताकि ज्यादा से सुविधाएं श्रद्धालुओं को मुहिया कराई जा सके। यहां तक कि सम्पूर्ण सिंहस्थ क्षेत्र वाई-फाई बनाने का प्रयास किया जा रहा है। जिसमें एक मोबाईल एप भी तैयार किया गया है। अभी इसमें कुछ ही सुविधाएं उपलब्ध कराई गई है जिसमें भस्मार्ती रजिस्ट्रेशन भी शामिल है, परन्तु यह सुविधा दुविधा से भरी हुई है। इस एप में कोई भी व्यक्ति एक बार में अपने पुरे परिवार की अनुमति नहीं प्राप्त कर सकता है। उसे हर व्यक्ति के लिए एक नया फाॅर्म फिल करना होगा। यदि एक बार नेटवर्क संबंधित कोई समस्या आ गई तो व्यक्ति को अनुमति मिलने में भी समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। एप को सुविधाओं के लिए बनाया गया था, परन्तु अभी कई बातें ऐसी है जिस पर आई टीम को ध्यान देने की आवश्यकता है। महाकाल मंदिर परिसर में मोबाईल ले जाना मना है और इस एप के अनुसार व्यक्ति को भस्मार्ती की अनुमति का मेसेज मोबाईल पर मिलेगा। पहले तो जरूरत है कि महाकाल समिति लोगों को इस बात पर जागरूक कर पाए कि मंदिर परिसर में किस समय मोबाइल ले जाना प्रतिबंधित नहीं है।
अभी एप लाॅन्च तो कर दिया है पर अभी तक लाईव दर्शन का आॅपशन काम नहीं कर रहा है। ऐसे में निश्चित है लोगों की शुरूआत से इस एप में रूचि नहीं होगी और जानकारी देने एक अच्छा साधन लोगों तक नहीं पहुंच पाऐगा। साथ ही विदेशी पर्यटक कम फ्लेजिब्लिटी होने से इसका उपयोग करना भी शायद ही पसंद करे।
महाकाल App में कोई विशेष सुविधाएं नहीं, लोग हो सकते है परेशान

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