बेंगलुरू: आईपीएल 2025 में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की धमाकेदार जीत का जश्न बुधवार शाम को अचानक एक भीषण हादसे में तब्दील हो गया। बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर आयोजित विक्ट्री परेड के दौरान भगदड़ में कम से कम 11 लोगों की जान चली गई, जबकि 50 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। अपनी चैंपियन टीम की एक झलक पाने के लिए स्टेडियम के बाहर भीड़ बेकाबू हो गई।
RCB की विक्ट्री परेड उस वक्त मातम में बदल गई जब चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर अचानक भगदड़ मच गई। खिलाड़ियों की एक झलक पाने के लिए भारी भीड़ उमड़ी पड़ी। कोई कार पर चढ़ गया तो कोई पेड़ पर और फिर स्थिति बेकाबू हो गई। पुलिस भीड़ को काबू करने नाकाम साबित हुई।
कर्नाटक पुलिस ने एम चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज कर दिया। इसके बाद हालत और बेकाबू हो गए। अचानक हुई धक्का-मुक्की और घबराहट में लोग एक-दूसरे पर गिरने लगे जिससे भगदड़ मच गई।
दरअसल मंगलवार 3 जून को IPL के फाइनल मुकाबले में RCB ने पंजाब किंग्स इलेवन को हराकर खिताब जीता था। 18 साल में पहली बार खिताब जीतने की खुशी में RCB के होमग्राउंड चिन्नास्वामी स्टेडियम में जश्न मनाया जा रहा था। कर्नाटक राज्य क्रिकेट संघ ने यहां RCB के सभी खिलाड़ियों के लिए एक विशेष सम्मान समारोह का आयोजन किया था।
हजारों की संख्या में RCB के फैन्स शाम से ही चिन्नास्वामी स्टेडियम में जमा होने लगे थे। टीम आईपीएल की ट्रॉफी के साथ इसी स्टेडियम में आने वाली थी, जिसे देखने के लिए लोग बेताब थे। स्टेडियम के अंदर भी ठसाठस भीड़ थी, जबकि बाहर और आसपास की सड़कों पर भी जाम जैसे हालात थे।
सड़कों पर भीड़ को काबू करने में ट्रैफिक पुलिस के पसीने छूट गए। कई जख्मी लोगों को शिवाजीनगर के बॉरिंग अस्पताल ले जाया गया, जबकि 3 गंभीर रूप से घायलों को वैदेही अस्पताल (पहले माल्या अस्पताल) में रेफर किया गया है। जानकारी मिली है कि स्टेडियम के गेट नंबर 3 पर RCB की टीम के आने की खबर थी, जिसके बाद वहां फैन्स का हुजूम उमड़ पड़ा। हालात भगदड़ जैसे हो गए। इस दौरान कई लोग कुचल गए। कई फैन्स घायल हो गए।
हादसे के बाद पुलिस और आपातकालीन सेवाएं तुरंत मौके पर पहुंचीं। घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। प्रशासन की ओर से बताया गया है कि हादसे के कारणों की जांच की जा रही है और मृतकों की पहचान जल्द ही सार्वजनिक की जाएगी। घटना के बाद यह सवाल उठने लगा है कि क्या आयोजन में सुरक्षा व्यवस्था पर्याप्त थी? बताया जा रहा है कि सुरक्षा के लिए 5000 से ज्यादा स्टाफ की तैनाती की गई थी, फिर भी भीड़ पर काबू नहीं पाया जा सका। भीड़ नियंत्रण में हुई चूक की वजह से यह त्रासदी हुई है, ऐसी आशंका जताई जा रही है।
कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने हादसे पर गहरा दुख जताते हुए कहा, “मैं अभी मृतकों और घायलों की सटीक संख्या की पुष्टि नहीं कर सकता, लेकिन मैं स्वयं मौके पर जा रहा हूं।” उन्होंने कहा कि सरकार स्थिति पर पूरी तरह नजर रखे हुए है और विस्तृत रिपोर्ट जल्द दी जाएगी।

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