October 29, 2026

News Prawah

UDYAM-MP-49-0001253

Indore Mule Bank Accounts Scam: म्यूल बैंक खातों से 1 करोड़ की ठगी, विजय नगर पुलिस की गिरफ्त में दिलीप पांडे और शुभम शर्मा

इंदौर। मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में म्यूल बैंक खातों (Mule Bank Accounts) की खरीद-फरोख्त और ऑनलाइन धोखाधड़ी करने वाले शातिर गिरोह के सदस्यों पर पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। विजय नगर पुलिस इस मामले में मुख्य आरोपी दिलीप पांडे और शुभम शर्मा से लगातार कड़ाई से पूछताछ कर रही है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि इन आरोपियों द्वारा कुल छह फर्जी म्यूल खातों का इस्तेमाल करके 1 करोड़ रुपये से ज्यादा का संदेहास्पद ट्रांजेक्शन किया गया था।

पुलिस ने आरोपियों के अन्य संदिग्ध बैंक खातों की प्रामाणिकता जांचने के लिए संबंधित बैंकों को आधिकारिक पत्र भेज दिए हैं। इसके साथ ही, धोखाधड़ी और ठगी की अवैध कमाई से अर्जित की गई आरोपियों की संपत्तियों को कानूनी प्रक्रिया के तहत अटैच (कुर्क) करवाने की कार्रवाई भी तेजी से चल रही है।

थाना प्रभारी (टीआई) सीके पटेल के अनुसार, पुलिस इस मामले में पहले ही दिलीप पांडे, शुभम शर्मा, अहमद राजा, भूषण कुशवाह, नरेश यादव, विजेंद्र सिंह, अमित मणि, रमणदीप सिंह भाटिया, नरेंद्र पाटीदार, अमित चौरसिया और योगेश पटेल को गिरफ्तार कर चुकी है। सभी आरोपियों से इस बड़े वित्तीय फ्रॉड को लेकर गहन पूछताछ की जा रही है।

🌐 कई राज्यों के निवेशकों को बनाया गया निशाना, कमीशन पर होती थी खातों की सप्लाई

पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी दिलीप पांडे अवैध रूप से कमीशन के आधार पर म्यूल बैंक खातों की सप्लाई करता था, जबकि दूसरा आरोपी शुभम शर्मा ‘द रैपिड इन्वेस्टर्स एडवाइजरी’ नामक फर्म संचालित कर भोले-भाले लोगों को निवेश के नाम पर ठगता था।

  • देशभर में फैला जाल: टीआई सीके पटेल के मुताबिक, आरोपी कई अन्य राज्यों के निवेशकों से ऑनलाइन माध्यमों से भारी-भरकम रकम ऐंठ चुके हैं।
  • 1 करोड़ से ज्यादा का लेनदेन: अब तक की गई पुलिस जांच में 6 ऐसे म्यूल खाते मिले हैं, जिनका उपयोग ठगी की अवैध रकम को इधर-उधर ट्रांसफर करने के लिए किया जाता था। इन खातों के जरिए 1 करोड़ रुपये से अधिक का फेरबदल किया गया है।
📈 शेयर बाजार की सलाह की आड़ में चल रहा था काला कारोबार

जांच के दौरान यह भी सामने आया कि आरोपी के पास केवल शेयर मार्केट से संबंधित वित्तीय सलाह देने की ही अनुमति थी, लेकिन इसकी आड़ में वह सीधे तौर पर निवेशकों से अनाधिकृत रूप से पैसे ले रहा था।

पुलिस ने सभी आरोपियों के विरुद्ध धोखाधड़ी और अन्य गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस अब अन्य बैंक खातों की कुंडली खंगाल रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इन सभी खातों का इस्तेमाल भी जनता को ठगने के लिए तो नहीं किया गया था।

Share to...