छिंदवाड़ा। मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के ओलंपिक स्टेडियम के बैडमिंटन कोर्ट से निकलकर अंतरराष्ट्रीय कोर्ट तक का शानदार सफर तय करने वाले आशय करडे की कहानी बेहद खास और प्रेरणादायक है। खेल की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाने वाले आशय उन युवाओं के लिए एक मिसाल हैं, जो छोटे शहरों में रहकर बड़े सपने देखते हैं और उन्हें पूरा करने का जज्बा रखते हैं।
बेहद कम उम्र में बैडमिंटन के खेल से जुड़ने वाले आशय को अब तुर्की में होने वाली अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में देश का नाम रोशन करने का अवसर मिला है।
🎯 साल 2018 में इंदौर से शुरू हुआ था सफर: जूनियर स्तर पर लगातार शानदार प्रदर्शन कर बनाई राष्ट्रीय पहचान
आशय करडे ने अपने शुरुआती दिनों को याद करते हुए बताया कि, “साल 2018 में इंदौर में आयोजित मध्य प्रदेश स्टेट सब-जूनियर रैंकिंग बैडमिंटन टूर्नामेंट में उन्होंने पहली बार अंडर-13 वर्ग की क्वालीफिकेशन प्रतियोगिता में हिस्सा लिया था।”
इसके बाद आशय ने जूनियर स्तर पर लगातार मेहनत करते हुए राज्य की विभिन्न प्रतियोगिताओं में अपनी मजबूत जगह बनाई। उन्होंने वर्ष 2021 में मध्य प्रदेश स्टेट जूनियर रैंकिंग बैडमिंटन प्रतियोगिता के लिए भी सफलतापूर्वक क्वालीफाई किया था।
🏅 धार एकेडमी से ले रहे हैं विशेष ट्रेनिंग: मलेशियाई खिलाड़ी को हराकर मुख्य ड्रॉ में बनाई जगह
छिंदवाड़ा में आशय करडे के शुरुआती कोच रहे जावेद खान ने गर्व के साथ बताया कि आशय खेल के प्रति शुरुआत से ही बेहद समर्पित और प्रतिभाशाली रहे हैं। वर्तमान में वे भारतीय खेल प्राधिकरण (SAI) के धार स्थित प्रशिक्षण केंद्र में रहकर कड़ी ट्रेनिंग ले रहे हैं।
उन्होंने वर्ष 2025 में हैदराबाद में आयोजित ‘तेलंगाना इंडिया इंटरनेशनल चैलेंज’ में हिस्सा लिया था। इस प्रतियोगिता के दौरान 4 से 9 नवंबर 2025 तक उन्होंने क्वालीफिकेशन राउंड में बेहतरीन प्रदर्शन किया।
खास मुकाबले में उन्होंने मलेशिया के खिलाड़ी चुआ वाई एक्स को 21-16, 21-19 के अंतर से करारी शिकस्त दी। इसके बाद भारत के एस. रल्लन के खिलाफ भी जीत दर्ज कर उन्होंने मुख्य ड्रॉ (Main Draw) में प्रवेश किया, जहां उनका मुकाबला देश के जाने-माने खिलाड़ी प्रणव राम नागलिंगम से हुआ।
🇹🇷 अब तक खेल चुके हैं चार इंटरनेशनल टूर्नामेंट: युवाओं के लिए फिटनेस और फोकस है सफलता का मूल मंत्र
आशय अब तक चार बड़े अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट खेल चुके हैं। हैदराबाद में बांग्लादेश और वियतनाम के खिलाफ शानदार प्रदर्शन के बाद अब वे तुर्की में आयोजित होने वाले आगामी अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट में हिस्सा लेने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
अपनी इस सफलता का श्रेय अपने परिवार और कोच को देते हुए आशय का कहना है कि, “जो भी युवा खेल के क्षेत्र में अपनी खास पहचान बनाना चाहता है, उसके लिए सबसे जरूरी मंत्र यह है कि वह अपने खान-पान और फिटनेस पर विशेष ध्यान दे। इसके अलावा एक निश्चित लक्ष्य तय कर उस पर पूरा फोकस रखा जाए, तो दुनिया की कोई भी मंजिल हासिल करना असंभव नहीं है।”

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