October 6, 2026

News Prawah

UDYAM-MP-49-0001253

Karwa Chauth 2026 Date and Time: जानिए कब है करवा चौथ, पूजा का शुभ मुहूर्त, चंद्रोदय का समय और व्रत के नियम

करवा चौथ का व्रत सुहागिन महिलाओं के जीवन में विशेष धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व रखता है। हर साल कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को करवा चौथ का पावन पर्व मनाया जाता है। इस दिन महिलाएं अपने पति की दीर्घायु, उत्तम स्वास्थ्य और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के साथ कठिन निर्जला व्रत रखती हैं। वर्ष 2026 में करवा चौथ का व्रत 29 अक्टूबर, गुरुवार को रखा जाएगा। इस दिन महिलाएं सूर्योदय से लेकर रात में चंद्रमा के दर्शन और अर्घ्य देने तक अन्न और जल ग्रहण नहीं करती हैं। करवा चौथ को ‘करक चतुर्थी’ के नाम से भी जाना जाता है, जहाँ ‘करवा’ या ‘करक’ उस मिट्टी के पात्र को कहा जाता है जिससे चंद्रमा को जल अर्पित किया जाता है।

⏰ करवा चौथ 2026 पूजा मुहूर्त और चंद्रोदय का समय: शाम 5:38 से शुरू होगा शुभ मुहूर्त, रात 8:17 बजे होगा चंद्रमा का उदय

द्रिक पंचांग के अनुसार, वर्ष 2026 में करवा चौथ की चतुर्थी तिथि 29 अक्टूबर को सुबह 1:06 बजे से शुरू होकर रात 10:09 बजे तक रहेगी। पूजा का शुभ मुहूर्त शाम 5:38 बजे से लेकर 6:56 बजे तक कुल 1 घंटा 17 मिनट का रहेगा। विभिन्न क्षेत्रों में चंद्रोदय के समय में हल्का अंतर हो सकता है, इसलिए स्थानीय पंचांग देखना उचित रहेगा। सामान्य समयानुसार रात 8:17 बजे चंद्रमा के दर्शन होने के बाद महिलाएं छलनी से चांद को देखकर और अर्घ्य देकर अपने पति के हाथों से जल ग्रहण कर अपना व्रत संपन्न कर सकेंगी।

🪔 करवा चौथ पूजा विधि और कथा: भगवान शिव-पार्वती के साथ करवा माता का होता है पूजन, करवे के दान का है विशेष महत्व

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन महिलाएं मां पार्वती, भगवान शिव, भगवान गणेश, कार्तिकेय और करवा माता की विधि-विधान से पूजा करती हैं। शाम के समय महिलाएं सामूहिक रूप से बैठकर करवा चौथ की कथा सुनती हैं। पूजा में सजाया गया मिट्टी का करवा विशेष रूप से प्रयोग किया जाता है, जिससे चंद्रमा को अर्घ्य दिया जाता है। पूजा संपन्न होने के बाद इस करवे का दान किसी योग्य महिला या ब्राह्मण को करने की परंपरा है। यह कठिन व्रत महिलाओं के अटूट प्रेम और समर्पण का प्रतीक माना जाता है।

Share to...