चारा घोटाला के एक मामले में राष्ट्रीय जनता दल के अध्यक्ष लालू प्रसाद को रांची की केंद्रीय जांच ब्यूरो की विशेष अदालत द्वारा 2 धाराओं में 7-7 साल की सजा सुनाए जाने के बाद उनके पुत्र और बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी प्रसाद यादव ने कहा कि इस फैसले के खिलाफ उच्च न्यायालय में अपील करेंगे। इस दौरान उन्होंने लालू प्रसाद की जान को खतरा भी बताया।
उन्होंने कहा कि हम इस फैसले को पूर्व के फैसले की तरह उच्च न्यायालय में चुनौती देंगे। इस फैसले को पढ़ने के बाद इस पर कानूनी कार्यवाही की रणनीति तैयार की जाएगी। भाजपा के लोग जिस तरह हमारे परिवार के खिलाफ षड्यंत्र रच रहे हैं, मुझे आशंका है कि अब लालू जी की जान को खतरा है। तेजस्वी ने अपने कार्यकर्ताओं का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि बिहार से जब तक भाजपा और जनता दल यूनाइटेड को साफ नहीं कर देंगे, तब तक राजद के कार्यकर्ता चुप नहीं बैठने वाले हैं।
गौरतलब है कि चारा घोटाला के दुमका कोषागार से अवैध निकासी मामले में शनिवार को रांची की सीबीआई की विशेष अदालत ने लालू प्रसाद को अब तक की सबसे बड़ी सजा सुनाते हुए 2 धाराओं में 7-7 साल की सजा सुनाई है। साथ ही 30-30 लाख का अर्थदंड लगाया है।
मेरे पिता को जान का खतरा: लालू की सजा पर तेजस्वी, बीजेपी पर लगाए आरोप

More Stories
पारिवारिक संस्कृति व प्रेम, शांति, सद्भावना रथ को मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दिखाई हरी झण्डी
ट्रांसमिशन लाइन मेंटेनेंस स्टॉफ अर्जुन कारले एवं आउटसोर्स कर्मी शिवपाल निकुम पुरस्कृत
केदारनाथ मंदिर परिसर में मोबाइल-रील्स पर रोक, मंदिर समिति ने बनाये कड़े नियम