मंडला: प्रदेश के ग्रामीण इलाकों में जानवरों का आपस में भिड़ना तो आम बात हैं, लेकिन मंडला जिले में दो भैंस की आपस मे हुई लड़ाई थाने तक पहुंचने का मामला पुलिस और गांव वालों के लिए हैरानी का कारण बना हुआ है।
पूरा मामला शहपुरा थाना क्षेत्र के मरवारी गांव का है जहाँ दो भैंसों की हुई लड़ाई के बाद मामला पुलिस तक पहुँच गया। भैंसों की लड़ाई इतनी तेज़ थी कि एक भैंस बुरी तरह घायल हो गई । घायल भैंस को देखकर उसका मालिक घबरा गया और घायल भैंस को उसका मालिक सीधे थाने ले गया। थाना परिसर में जब पुलिस ने घायल भैंस को देखा तो तुरंत उसे एमएलसी के लिए भेजा गया। पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है।
मामले को लेकर भैंस मालिक गणेश प्रसाद यादव का कहना है कि मेरी भैंस चरने के लिए गई थी रोज चर ने के लिए जाती है मेरे द्वारा जो मैंने घास उठाया था वहां पर चराने ले जाता हूं। वहां दिलीप नाम का लड़का उसकी भैंस ले गया पीछे-पीछे और मेरी भैंस के साथ में मिलाकर के मरवा दिया। मैं उसके घर गया दो-तीन बार उसके घर गया बोलने तो घर जाने पर वह बोलता है कि कौन देखा क्या सबूत है और धमकी भी दे रहा है। उसके बाद में भैंस को लेकर उसके घर गया उसको जताने के लिए कि वह इलाज कराए इलाज न करने के कारण फिर मैं थाने में शिकायत दर्ज किया। थाने में भैंस को लेकर गया था वहां से रिपोर्ट करवा कर रिपोर्ट लेने पर मुझे मवेशियों के अस्पताल भेजा गया जहां इलाज होता है। वहां पर तीन इंजेक्शन लगाए गए भैंस को ओर वपास भेज दिया।
वही डॉ नवल सिंह पशु चिकित्सा शाहपुरा का कहना है कि गणेश प्रसाद यादव मरवाही का रहने वाला है वह भैंस लेकर आया था हमारे पास, उसकी भैंस के थन में हल्का सा कट लगा हुआ था तो चोट तो है उसमें पर उसमें यह है की कट लगा हुआ था और सूजन भी था जिसकी एमएलसी हम कर चुके हैं।
फिलहाल एमएलसी रिपोर्ट आने के बाद पुलिस अगली कार्रवाई करेगी। लेकिन इस मामले पुलिस कैमरे के सामने कुछ भी कहने से बच रही है।

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