नईदिल्ली: केंद्र सरकार ने संसद में 13 फरवरी 2025 को पेश किए गए आयकर विधेयक, 2025 (Income-Tax Bill, 2025) को औपचारिक रूप से वापस ले लिया है। यह विधेयक देश की मौजूदा आयकर व्यवस्था यानी आयकर अधिनियम, 1961 की जगह लेने के लिए लाया गया था।
सूत्रों के अनुसार, सरकार अब इस बिल का संशोधित और अद्यतन संस्करण पेश करने जा रही है, जिसमें बैजयंत पांडा की अध्यक्षता में बनी सेलेक्ट कमेटी की महत्वपूर्ण सिफारिशों को शामिल किया गया है।
सरकारी सूत्रों ने बताया कि 11 अगस्त 2025, सोमवार को लोकसभा में नया आयकर विधेयक पेश किया जाएगा। इस कदम का उद्देश्य है कि एक ही बार में सभी संशोधनों को शामिल करते हुए स्पष्ट और अद्यतन संस्करण संसद के समक्ष लाया जा सके ताकि किसी प्रकार की भ्रम की स्थिति उत्पन्न न हो।
13 फरवरी को प्रस्तुत किए गए मूल विधेयक में कई महत्वपूर्ण सुझाव और संशोधन लंबित थे, जिन पर सेलेक्ट कमेटी ने विस्तार से मंथन किया था। पुराने बिल को वापस लेने के पीछे सरकार की मंशा यह है कि एक समग्र और स्पष्ट कानून संसद में प्रस्तुत किया जाए, जिससे आम जनता और करदाताओं को अधिक पारदर्शी और सरल कर व्यवस्था मिल सके।

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