April 18, 2026

News Prawah

UDYAM-MP-49-0001253

पश्चिम बंगाल में रेमल तूफान का हुआ लैंडफॉल, तेज हवाओं के साथ हो रही जोरदार

पश्चिम बंगाल: पश्चिम बंगाल आज तूफानी खतरे से जूझ रहा है। पश्चिम बंगाल में तूफान रेमल का लैंडफॉल हो चुका है। आधी रात से पश्चिम बंगाल के कोलकाता समेत तमाम हिस्से में तेज हवा के साथ जोरदार बारिश हो रही है। तबाही की आशंका के मद्देनजर राहत और बचाव के लिए आपदा प्रबंधन की टीमें तैनात हैं। कोलकाता के पॉश इलाके अलीपुर में बीती रात से से ही जबरदस्त जलभराव का संकट है। इस दौरान एक बड़ा पेड़ भी ढह गया है। हवाई सेवा के साथ यातायात पर भी रेमल तूफान का असर पड़ा है। कई उड़ानें रद्द की गई हैं।

पश्चिम बंगाल में NDRF की कुल 14 टीमें तैनात की गई हैं। मौसम विभाग के मुताबिक उत्तरी बंगाल की खाड़ी में 110 से 120 किलो मीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तूफानी हवा चल रही हैं, जो 135 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती हैं. पश्चिम बंगाल के साथ ही असम के भी सात जिलों में अत्यधिक भारी बारिश के लिए ‘रेड अलर्ट’ और 11 जिलों में ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया गया है।

मौसम विभाग ने आज और कल असम और अन्य पूर्वोत्तर राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। चिरांग, गोलपारा, बक्सा, दिमा हसाओ, कछार, हैलाकांडी और करीमगंज जिलों के लिए ‘रेड अलर्ट’ जारी किया गया है जबकि धुबरी, दक्षिण सलमारा, बोंगाईगांव, बजाली, तामुलपुर, बारपेटा, नलबाड़ी के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ जारी किया गया है। मोरीगांव, नागांव, होजाई, और पश्चिम कार्बी आंगलोंग में रेमल का जबरदस्त असर रहने की आशंका है। इन क्षेत्रों में भारी बारिश के बीच हवाओं की तेज रफ्तार मुसीबल बन सकती है। पड़ोसी मुल्क बांग्लादेश पर रेमल का बड़ा संकट मंडरा रहा है। खबर है कि बांग्लादेश में तटीय इलाके से अब तक 8 लाख लोगों को विस्थापित किया जा चुका है।

वैसे समय के साथ साथ चक्रवात रेमल अब कमजोर हो रहा है। अगले कुछ घंटों में और कमजोर होगा। उत्तरी बंगाल की खाड़ी के ऊपर ‘रेमल’ पिछले 6 घंटे के दौरान 11 किमी प्रति घंटे की गति के साथ लगभग उत्तर की ओर Mबढ़ गया है। सागर द्वीपों के बीच बांग्लादेश और आसपास के पश्चिम बंगाल तटों को पार कर गया। इस सिस्टम के उत्तर-उत्तरपूर्व की ओर बढ़ने और आज सुबह तक धीरे-धीरे कमजोर होकर चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है। इसके बाद यह उत्तर-पूर्व की ओर बढ़ेगा और धीरे-धीरे और कमजोर हो जाएगा। चक्रवात रेमल अब कमजोर हो रहा हैं। अगले कुछ घंटों में और कमजोर होगा। उत्तरी बंगाल की खाड़ी के ऊपर ‘रेमल’ पिछले 6 घंटे के दौरान 11 किमी प्रति घंटे की गति के साथ लगभग उत्तर की ओर बढ़ गया है। सागर द्वीपों के बीच बांग्लादेश और आसपास के पश्चिम बंगाल तटों को पार कर गया। इस सिस्टम के उत्तर-उत्तरपूर्व की ओर बढ़ने और आज सुबह तक धीरे-धीरे कमजोर होकर चक्रवाती तूफान में बदलने की संभावना है। इसके बाद यह उत्तर-पूर्व की ओर बढ़ेगा और धीरे-धीरे और कमजोर हो जाएगा।

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लोगों से घर पर रहने का आग्रह किया। मेयर फिरहाद हकीम के अनुसार, कोलकाता नगर निगम के अधिकारियों ने ऊंची इमारतों और जर्जर इमारतों से लोगों को निकाला। हकीम ने कहा, 15,000 नागरिक कर्मचारियों को चक्रवात के बाद हालात से निपटने के लिए लगाया गया है। चक्रवात के कारण दीघा, काकद्वीप और जयनगर जैसे इलाकों में हल्की बारिश और हवाएं चलीं, जिसके सोमवार को तेज होने की आशंका है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की भी चक्रवाती ‘रेमल’ पर नजर बनी हुई है। पीएम मोदी ने कल रेमल को लेकर अधिकारियों के साथ हाई लेवल मीटिंग की। पश्चिम बंगाल के राज्यपाल सीवी आनंदबोस पूरी तरह मुस्तैद हैं। रेमल के खतरे की आशंका के मद्देनजर राज्यपाल ने बीती रात इस पर नजर रखने का फैसला किया था। बताया जा रहा है कि रेमल से सबसे ज्यादा प्रभावित रहने वाले क्षेत्रों में पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना के तटीय इलाके दीघा और सुंदरबन हैं। खतरे की आशंका को देखते हुए पश्चिम बंगाल के तटीय इलाकों से करीब 1 लाख लोगों को पहले ही विस्थापित किया जा चुका है।

फिलहाल पश्चिम बंगाल के कई हिस्सों में भारी बारिश हो रही हैं। कोलकाता सहित कई जगहों पर पानी भरा हुआ हैं।

Share to...