September 16, 2026

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Bhopal Food Dept Action: शाकाहारी-मांसाहारी खाना एक साथ! भोपाल में फूड सेफ्टी टीम की कार्रवाई, ड्रैगन हाउस सील

भोपाल। शहर के नामी होटल और खाद्य प्रतिष्ठानों में खाद्य सुरक्षा तथा स्वच्छता के बड़े-बड़े दावों की हकीकत प्रशासनिक जांच में उजागर हो रही है।

एमपी नगर में तीन प्रमुख खाद्य प्रतिष्ठानों की संयुक्त खाद्य सुरक्षा जांच के दौरान गंभीर लापरवाहियां सामने आईं। सबसे बदतर स्थिति ‘ड्रैगन हाउस’ (भविष्य होटल एंड क्लब प्राइवेट लिमिटेड) में पाई गई, जहां सड़े-गले मशरूम, चूहों के कुतरे हुए एक्सपायर्ड मसाले और किचन में चूहों की मौजूदगी के प्रत्यक्ष प्रमाण मिले। इसके अलावा, शाकाहारी और मांसाहारी खाद्य पदार्थों का अलग-अलग भंडारण भी नहीं किया गया था। इन गंभीर अनियमितताओं के चलते ड्रैगन हाउस का खाद्य पंजीयन (फूड लाइसेंस) आगामी आदेश तक तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। तीनों प्रतिष्ठानों से कुल 4 खाद्य नमूने लेकर प्रयोगशाला भेजे गए हैं।

🐀 ड्रैगन हाउस में चूहों का आतंक और मिलावट: फ्रीजर में एक साथ रखा था वेज और नॉन-वेज खाना

एमपी नगर जोन-1 स्थित ड्रैगन हाउस की विस्तृत जांच के दौरान रसोई से 5 पैकेट सड़े-गले मशरूम बरामद हुए।

एक्सपायर्ड मसालों के पैकेट्स पर चूहों के कुतरने के स्पष्ट निशान मिले और किचन में चूहों की मौजूदगी प्रमाणित हुई। परिसर में लगे 5 फ्रीजरों में शाकाहारी और मांसाहारी खाद्य पदार्थ एक साथ ठूंसकर रखे गए थे। खाद्य सुरक्षा टीम ने यहां से ‘किंगफिशर स्ट्रॉन्ग प्रीमियम बीयर’ और ‘अरोमा पाउडर’ के नमूने जब्त कर जांच के लिए भेजे हैं।

☕ इंडियन कॉफी हाउस में खुले डस्टबिन और गंदगी: नानवेज के लिए अलग बर्तन तक नहीं

एमपी नगर स्थित प्रसिद्ध ‘इंडियन कॉफी हाउस’ की जांच के दौरान भारी गंदगी और खुले डस्टबिन पाए गए।

यहां नॉन-वेज भोजन तैयार करने के लिए अलग भंडारण, बर्तन और फ्रीजर की कोई पृथक व्यवस्था नहीं पाई गई। किचन में खाना पकाने के लिए इस्तेमाल की जा रही दो कड़ाही पूरी तरह काली पड़ी हुई थीं और ड्रेनेज (निकासी) व्यवस्था भी अत्यंत दयनीय स्थिति में थी। इसके अलावा, यहां बेचे जा रहे पैक्ड पापड़ मिसब्रांडेड पाए गए। टीम ने यहां से इस्तेमाल हो रहे खुले खाद्य तेल का सैंपल लिया है।

🧀 राजहंस होटल में खराब मशरूम: कर्मचारियों का मेडिकल रिकॉर्ड गायब, पनीर का सैंपल जब्त

एमपी नगर के ‘राजहंस’ रेस्टोरेंट की जांच के दौरान भी दो खुले डस्टबिन और एक पैकेट खराब मशरूम बरामद किया गया।

जांच अधिकारियों द्वारा मांगे जाने पर संस्थान में कार्यरत 15 कर्मचारियों के अनिवार्य मेडिकल चेकअप का रिकॉर्ड और पेयजल की शुद्धता (पोटेबिलिटी) रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की जा सकी। रेस्टोरेंट में 250 रुपये प्रति किलो की दर से बेचे जा रहे पनीर की गुणवत्ता पर संदेह होने पर खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने उसका सैंपल लेकर लैब जांच के लिए भेज दिया है।

⚖️ खाद्य सुरक्षा विभाग का स्पष्टीकरण: रिपोर्ट आने पर की जाएगी कठोर कानूनी कार्रवाई

खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शहर के होटल, रेस्टोरेंट और ईटिंग जॉइंट्स में विभाग द्वारा नियमित रूप से औचक निरीक्षण किया जा रहा है।

जांच के दौरान पाई गई गंभीर लापरवाहियों के आधार पर लाइसेंस निलंबन की कार्रवाई की गई है और संदिग्ध खाद्य पदार्थों के नमूने परीक्षण के लिए राज्य प्रयोगशाला भेजे गए हैं। प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट प्राप्त होते ही संबंधित संचालकों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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