April 23, 2026

News Prawah

UDYAM-MP-49-0001253

कोरोना ने मचाया महाराष्ट्र में कोहराम, मुंबई में ऊंची इमारतों में खोज रहा ठिकाना

Maharashtra : महाराष्ट्र का कोरोना वायरस (Corona Virus) से बुरा हाल होता दिख रहा है। पहले की तरह ही एक बार फिर से देश में सबसे अधिक कोरोना के मामले महाराष्ट्र में दर्ज किए जा रहे हैं, जिससे आम लोगों से लेकर सरकार तक की टेंशन बढ़ गई है। महाराष्ट्र में शुक्रवार को 15,817 नए मामले सामने आए। लगातार तीसरे दिन इस साल के अब तक के सबसे अधिक मामले सामने आए। महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण की बढ़ती इस रफ्तार को देख प्रशासन एक बार फिर से लॉकडाउन की ओर जाता दिख रहा है। नागपुर और अकोला में पूरी तरह से लॉकडाउन है, वहीं पुणे, परभणी में नाइट कर्फ्यू का ऐलान किया गया है।

सरकारी आंकड़ों पर गौर करें तो राज्य में संक्रमण के कुल मामले बढ़कर 22,82,191 हो गए हैं, जबकि बीमारी के कारण 56 नई मौत होने के साथ मरने वालों की संख्या 52,723 तक पहुंच गई। राज्य में पिछली बार पिछले साल दो अक्टूबर को 15ए000 से अधिक मामले आए थे, जिसके बाद नए मामलों में गिरावट आई थी। लेकिन पिछले महीने मामलों में तेज उछाल आया।

राज्य में बुधवार और गुरुवार को 13,659 और 14,317 मामले सामने आए। शुक्रवार को अस्पतालों से 11,344 रोगियों को छुट्टी दे दी गई, जिससे राज्य में अब तक ठीक हो चुके लोगों की कुल संख्या बढ़कर 21,17,744 हो गई। राज्य में 1,10,485 मरीजों का इलाज चल रहा है। राज्य में पुणे शहर में सबसे अधिक 1,845 नए मामले सामने आए, इसके बाद नागपुर में 1,729 और मुंबई में 1,647 मामले आए।

महाराष्ट्र में बढ़ रहे कोरोना के मामलों के बीच एक चौंकाने वाली बात सामने आई है। मुंबई में कोरोना के 90 फीसदी मरीज ऊंची इमारतों में रहने वाले मिले हैं। मुंबई में गत जनवरी और फरवरी महीने में सामने आए कोरोना वायरस संक्रमण के कुल मामलों में से कम से कम 90 फीसदी ऊंची इमारतों में रहने वालों लोगों से संबंधित हैं जबकि बाकी 10 फीसदी झुग्गी-बस्ती एवं चॉल में रहने वाले लोग हैं। बृह्नमुंबई महानगर पालिका ने यह जानकारी दी।

हालांकि, बीएमसी अधिकारियों का कहना है कि इस महीने परिस्थिति में थोड़ा बदलाव आया है और अब झुग्गी-बस्ती में मरीजों की संख्या बढ़ रही है। बीएमसी ने एक बयान में कहा कि इस साल के शुरुआती दो महीनों में संक्रमण के कुल 23,002 मामले सामने आए, जिनमें से 90 फीसदी संक्रमित लोग इमारतों के निवासी थे जबकि 10 फीसदी झुग्गी-बस्ती एवं चॉल में रहने वाले लोग हैं। इसके मुताबिक, इस महीने की शुरुआत से शहर में कोरोना वायरस निषिद्ध जोन में 170 फीसदी जबकि सील की गई इमारतों की संख्या में 66 फीसदी से अधिक का इजाफा हुआ है।

Share to...