धार: धार की भोजशाला में कई वर्षों बाद आज शुक्रवार को महाआरती का आयोजन किया गया। 15 मई को हाईकोर्ट द्वारा भोजशाला को मंदिर घोषित किए जाने के फैसले के बाद यह पहला शुक्रवार था, जिसे लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला।
महाआरती में शहर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे, जिनमें महिलाएं भी शामिल रहीं। आयोजन को लेकर जिला और पुलिस प्रशासन ने कड़े सुरक्षा इंतजाम किए थे।
हाईकोर्ट के फैसले के बाद भोजशाला में पहली बार शुक्रवार को महाआरती हुई। भोजशाला आंदोलन से जुड़े प्रमुख आंदोलनकारियों ने आरती का आयोजन किया।दोपहर एक बजे शुरू हुए कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। कड़ी धूप के बावजूद शाम तक श्रद्धालुओं का पहुंचना जारी रहा।
आरती से पहले आंदोलन में शहीद हुए लोगों के परिजनों का सम्मान किया गया। ज्योति मंदिर के बाहर पैर पखारकर परिजनों का अभिनंदन किया गया।
श्रद्धालुओं में उत्साह, उमंग और खुशी का माहौल देखने को मिला। सुरक्षा व्यवस्था के तहत एसएफ और पैरामिलिट्री बल सहित दो हजार से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए गए।

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